बांग्लादेशी क्रिकेटरों पर सस्पेंस, PSL 2026 में भागीदारी के लिए सरकारी अनुमति बाकी
सुरक्षा कारणों से लिया जा रहा अंतिम फैसला
बीसीबी के एक वरिष्ठ अधिकारी के अनुसार, खिलाड़ियों की सुरक्षा सर्वोपरि है और इसलिए सरकार से परामर्श लेना जरूरी हो गया है। उन्होंने कहा कि सामान्य परिस्थितियों में खिलाड़ी बिना किसी बाधा के विदेशी लीग में भाग लेते हैं, लेकिन इस बार हालात अलग हैं। सरकार ही बेहतर तरीके से यह आकलन कर सकती है कि पाकिस्तान जाना सुरक्षित है या नहीं। ऐसे में अंतिम फैसला सरकार के निर्देशों के आधार पर ही लिया जाएगा।
न्यूजीलैंड सीरीज पर भी पड़ सकता है असर
अगर खिलाड़ियों को पीएसएल में खेलने की अनुमति मिलती है, तो वे न्यूजीलैंड के खिलाफ होने वाली व्हाइट-बॉल सीरीज के तैयारी कैंप में हिस्सा नहीं ले पाएंगे। न्यूजीलैंड टीम 13 अप्रैल को ढाका पहुंचने वाली है, जहां तीन वनडे और तीन टी20 मैच खेले जाएंगे। बीसीबी चाहता है कि उसके प्रमुख खिलाड़ी इस अहम सीरीज में उपलब्ध रहें, खासकर तब जब टीम अभी भी आगामी वनडे विश्व कप के लिए क्वालीफाई करने की दौड़ में है।
छह खिलाड़ियों को मिला आंशिक एनओसी
बीसीबी ने पहले ही छह खिलाड़ियों-Mustafizur Rahman, परवेज हुसैन इमोन, शोरीफुल इस्लाम, नाहिद राणा, तंजीद हसन तमीम और रिशाद हुसैन-को आंशिक एनओसी जारी किया है। इनमें मुस्तफिजुर को 26 मार्च से 12 अप्रैल और फिर 24 अप्रैल से 3 मई तक की अनुमति दी गई है। हालांकि, अंतिम भागीदारी अब भी सरकार की हरी झंडी पर निर्भर करेगी।
क्षेत्रीय तनाव से बढ़ी चिंता
पाकिस्तान और अफगानिस्तान के बीच बढ़ते तनाव के चलते पीएसएल 2026 की सुरक्षा को लेकर सवाल उठने लगे हैं। हालांकि Pakistan Cricket Board (पीसीबी) ने भरोसा दिलाया है कि टूर्नामेंट तय कार्यक्रम के अनुसार ही आयोजित होगा और सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए हैं।
कुल मिलाकर, क्रिकेट से ज्यादा इस समय सुरक्षा और कूटनीतिक हालात इस मुद्दे को प्रभावित कर रहे हैं। अब सबकी नजर बांग्लादेश सरकार के फैसले पर टिकी है, जो यह तय करेगा कि बांग्लादेशी खिलाड़ी पीएसएल 2026 में नजर आएंगे या नहीं।
