सोमवार को ऐसे करें भगवान शिव की पूजा हर मनोकामना होगी पूरी मिलेगा सुख समृद्धि और सफलता का आशीर्वाद
सोमवार की शुरुआत ब्रह्म मुहूर्त में उठकर स्नान करने से करनी चाहिए। स्नान के बाद साफ और हल्के रंग के वस्त्र धारण करें तथा घर के मंदिर या शिवालय में भगवान शिव की पूजा का संकल्प लें। पूजा स्थल को स्वच्छ करें और शिवलिंग के सामने दीपक जलाकर भगवान गणेश का स्मरण करें। इसके बाद भगवान शिव का जल से अभिषेक करें और फिर दूध दही शहद घी तथा शक्कर से पंचामृत अर्पित करें। अंत में पुनः स्वच्छ जल या गंगाजल से अभिषेक करना शुभ माना जाता है।
अभिषेक के बाद भगवान शिव को बेलपत्र धतूरा आक के फूल भांग सफेद चंदन सफेद पुष्प और मौसमी फल अर्पित करें। बेलपत्र चढ़ाते समय इस बात का ध्यान रखें कि पत्ती टूटी हुई न हो और उसका चिकना भाग शिवलिंग की ओर रहे। इसके बाद धूप दीप नैवेद्य और फल अर्पित कर भगवान शिव के मंत्रों का जाप करें। विशेष रूप से ॐ नमः शिवाय महामृत्युंजय मंत्र और शिव चालीसा का पाठ करने से मानसिक शांति और आध्यात्मिक ऊर्जा प्राप्त होती है।
जो लोग सोमवार का व्रत रखते हैं उन्हें दिनभर सात्विक आहार का पालन करना चाहिए। कई श्रद्धालु केवल फलाहार करते हैं जबकि कुछ लोग एक समय बिना लहसुन प्याज वाला भोजन ग्रहण करते हैं। व्रत के दौरान क्रोध झूठ और नकारात्मक विचारों से दूर रहना भी पूजा का महत्वपूर्ण हिस्सा माना गया है। दिनभर भगवान शिव का स्मरण करते हुए जरूरतमंद लोगों की सहायता करना और दान पुण्य करना भी अत्यंत शुभ माना जाता है।
धार्मिक मान्यता है कि अविवाहित युवक युवतियां यदि श्रद्धा से सोमवार का व्रत करें तो उन्हें मनचाहा जीवनसाथी प्राप्त होता है। वहीं विवाहित दंपति इस दिन पूजा करने से दांपत्य जीवन में सुख शांति और प्रेम बनाए रख सकते हैं। नौकरी और व्यवसाय से जुड़े लोगों को भी भगवान शिव की कृपा से नए अवसर प्राप्त होते हैं और आर्थिक स्थिति मजबूत होती है। जिन लोगों के कार्य लंबे समय से अटके हुए हों वे भी सोमवार को शिव आराधना करके सकारात्मक परिणाम प्राप्त कर सकते हैं।
पूजा के अंत में भगवान शिव की आरती करें और परिवार के सभी सदस्यों में प्रसाद वितरित करें। श्रद्धा विश्वास और सच्चे मन से की गई पूजा का महत्व सबसे अधिक माना गया है। केवल विधि नहीं बल्कि मन की पवित्रता और भक्ति ही भगवान शिव को प्रिय है। इसलिए यदि सोमवार के दिन पूरी निष्ठा और आस्था के साथ भोलेनाथ का पूजन किया जाए तो जीवन की अनेक बाधाएं दूर होती हैं तथा सुख समृद्धि शांति और सफलता का मार्ग प्रशस्त होता है।
