चित्रकूट में NEET छात्रा से सामूहिक दुष्कर्म का आरोप, तीन युवकों पर केस दर्ज, CCTV के आधार पर जांच तेज
नई दिल्ली । उत्तर प्रदेश के चित्रकूट जिले में एक छात्रा के साथ कथित सामूहिक दुष्कर्म का मामला सामने आने के बाद पुलिस ने जांच तेज कर दी है। घटना देवांगना घाटी क्षेत्र में हुई, जहां पीड़िता अपने परिचित के साथ गई थी। पुलिस के अनुसार, शिकायत मिलने के बाद तत्काल प्राथमिकी दर्ज की गई और आरोपियों की पहचान व गिरफ्तारी के लिए विशेष टीमें गठित की गई हैं। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस आसपास के क्षेत्रों में लगातार तलाशी अभियान चला रही है।
प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, 20 वर्षीय छात्रा राजस्थान के कोटा में मेडिकल प्रवेश परीक्षा की तैयारी कर रही है और मध्य प्रदेश के सतना जिले की निवासी है। वह घूमने के उद्देश्य से चित्रकूट आई थी। उसके साथ मौजूद किशोर ने पुलिस को बताया कि घटना के दौरान तीन युवकों ने उन्हें रोका और खुद को वन विभाग का कर्मचारी बताते हुए धमकाया। शिकायत में आरोप लगाया गया है कि इसके बाद किशोर को बांध दिया गया और छात्रा के साथ सामूहिक दुष्कर्म किया गया।
पुलिस का कहना है कि घटना की सूचना मिलने के बाद मौके का निरीक्षण किया गया और आवश्यक साक्ष्य एकत्र किए गए। घटनास्थल के आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज भी खंगाली जा रही है। जांच के दौरान कुछ फुटेज में संदिग्ध व्यक्तियों के बाइक से गुजरने की जानकारी मिली है, जिसके आधार पर उनकी पहचान का प्रयास किया जा रहा है। पुलिस ने एक संदिग्ध व्यक्ति को हिरासत में लेकर उससे पूछताछ शुरू कर दी है, जबकि अन्य आरोपियों की तलाश जारी है।
जांच अधिकारियों के अनुसार, पीड़िता का चिकित्सीय परीक्षण कराया जा रहा है और उसके बयान के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी। साथ ही घटना के समय उसके साथ मौजूद किशोर से भी पूछताछ की जा रही है। पुलिस का कहना है कि वैज्ञानिक साक्ष्यों, प्रत्यक्षदर्शियों और डिजिटल साक्ष्यों के आधार पर जांच को आगे बढ़ाया जा रहा है ताकि मामले के सभी पहलुओं की निष्पक्ष जांच सुनिश्चित की जा सके।
जिला पुलिस के वरिष्ठ अधिकारियों ने बताया कि आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए अलग-अलग टीमों को सक्रिय किया गया है। आसपास के इलाकों में लगे सीसीटीवी कैमरों की रिकॉर्डिंग की जांच के साथ स्थानीय लोगों से भी पूछताछ की जा रही है। अधिकारियों का कहना है कि सभी संभावित सुरागों पर काम किया जा रहा है और दोषियों को जल्द गिरफ्तार करने का प्रयास जारी है।
इस घटना के बाद राजनीतिक प्रतिक्रिया भी सामने आई है। समाजवादी पार्टी के विधायक अनिल प्रधान ने कानून-व्यवस्था को लेकर राज्य सरकार पर सवाल उठाए हैं। उनका कहना है कि जिस स्थान पर यह घटना हुई, वह प्रशासनिक और महत्वपूर्ण संस्थानों से अधिक दूर नहीं है। उन्होंने आरोपियों की शीघ्र गिरफ्तारी की मांग करते हुए चेतावनी दी कि यदि जल्द कार्रवाई नहीं हुई तो विरोध प्रदर्शन किया जाएगा।
यह मामला एक बार फिर महिलाओं की सुरक्षा और सार्वजनिक स्थानों पर कानून-व्यवस्था को लेकर गंभीर सवाल खड़े करता है। पुलिस ने भरोसा दिलाया है कि मामले की निष्पक्ष और तेज जांच की जाएगी तथा उपलब्ध सभी साक्ष्यों के आधार पर दोषियों के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी। फिलहाल जांच जारी है और पुलिस ने लोगों से अफवाहों से बचते हुए केवल आधिकारिक जानकारी पर भरोसा करने की अपील की है।
